Friday, February 12, 2016

तेंदुए तुम कैसे बच गए?


तेंदुए तुम कैसे बच गए?
हम तो स्मार्ट लोग हैं!
हमारे पास आईआईटी और आईआईएम हैं!
हमारे पास बड़े-बड़े उद्योगपति, अधिकारी और नेता हैं!
हमारे पास वसुधैव कुटुंबकम भी है!
फिर भी तुम बच गए!


Sunday, February 7, 2016



स्किड्जोफ्रेनिया 

भयंकर विभ्रम होते हैं मुझे 
फ्लाई ओवर के खम्भों में गाढ़े खून के धब्बे दिखते हैं 
बनती इमारत के नीचे पड़े पत्थर उठाता हूँ तो चीखें दबी मिलती हैं 
खेत की मेड़ों से गुजरता हूँ तो हड्डियों से टकराता हूँ 
पेड़ को छूता हूँ तो कराह सुनायी देती है 
दिन में तीन बार धर्म की एंटी-डिप्रेसेंट गोली भी लेता हूँ
फिर भी धब्बे, चीखें, हड्डियाँ, कराहें मेरा पीछा नहीं छोड़ते 

Saturday, February 6, 2016


मुझे  याद है
आते हुए मैंने तुम्हारे गालों को छुआ था
जैसे शहर जाने वाला कोई किसान
अपनी मिटटी को छूता है